जयस (JAYS) क्या है?

जयस लोगो
JAYS
जयस क्या है ? : आदिवासी समाज का सामाजिक वैचारिक संगठन है। जयस अर्थात जय आदिवासी युवा शक्ति (JAYS: Jay Aadiwasi Yuva Sakti) 
जयस की स्थापना: जयस की स्थापना दिनांक 16 मई 2013 को कृषि उपज मंडी बड़वानी मध्य प्रदेश में आदिवासी समाज के समर्पित सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा की गई थी। स्थापना के समय इसका नाम आदिवासी युवा शक्ति था बाद में इसे"जय आदिवासी युवा शक्ति"नाम दिया गया है।
संक्षेपाक्षर: जयस (JAYS)
जयस संस्थापक सदस्य: विक्रम सिंह अछालिया, डॉ. हिरा अलावा, गौरव चौहान, रविराज बघेल, महेंद्र कन्नौज, महेेश भाबर, चेतन अर्जून पटेल,अनिल गोंड , लक्ष्मण डिंडोर एवं आदिवासी समाज के अन्य आदिवासी सगााजन  ।
 प्रकार: संवैधानिक अधिकारों की रक्षा हेतु निस्वार्थ सेवार्थ, राष्ट्रहित में कार्य, जल जंगल जमीन की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध, पर्यावरण संरक्षण हेतु कार्य। 
कार्यक्षेत्र: सम्पूर्ण विश्व ।
ध्येय वाक्य : जय जोहार 
नामकरण: इसे सर्वप्रथम संक्षेप में"जयस(JAYS)"नाम डाॅ.बलराम सिंह जमरा ने दिया है।डॉ जमरा ने ही सर्वप्रथम जयस के नाम से सबसे पहले सोशल मीडिया व्हाट्सअप और फेसबुक पर ग्रुप बनाया और युवाओं को समाज के हित में जागरूक और संगठित करने की शुरुआत की है।जयस के उद्देश्य : 1. India के all tribal communities को united करके एक मंच पर लाना । 2. All tribal communities को देश के संवैधानिक अधिकारो ( 5,6 अनुसूची, pesa act, वनाधिकार मान्यता कानून )आदि के प्रति समाज मे जागरूकता फैलाना । 3.पर्यावरण एवम् ग्लोबलवार्मिंग( जल, जंगल,जमीन,हवा) के प्रति जागरूकता फैलाना । 4. देश के आदिवासियों के पलायन,घटती जनसँख्या जैसी सामरिक घटनाओ एवम् समस्याओ के प्रति समाज का ध्यान खीचना l 5. हमारी संस्कृति एवम् सभ्यताओ को बनाये रखना । अस्तित्व, अस्मिता और पहचान को बचाना l 6. समाज को अपने इतिहास के प्रति सजग करना । 7. समाजिक, राजनीतिक,आर्थिक,सांस्कृतिक,इतिहासिक,शैक्षणिक, व्यावसायिक, भौगोलिक, वैचारिक आदि क्षेत्र में जाग्रत करना । समाज का नेतृत्व तैयार करना न की नेता बनना । 8. समाज के युवाओं को विज्ञान एवम् टेक्नोलॉजी का सही इस्तेमाल करना सिखाना । 9. ईलेक्ट्रोनिक ओर प्रिंट मीडिया में आदिवासियों कि भूमिका तैयार करना । 10. विलायत में रह रहे समाज के बेटों का ध्यान समाज कि तरफ खीचना । 11. जैविक खेती को बढ़ावा देना। 12.उच्च संस्थाओ के विधार्थियो से जुड़ना। 13. शोध और विश्लेषणकर्ताओ कि टीम तैयार करना । 14. अपने पूर्वजों कि अलिखित विरासत को लिखित रूप देना l 15. अपने पहनावे को महत्व देना । 16.हमारी संस्कृति और सभ्यताओ के परिधानो पर ताने कसने वालो को काउंटर जवाब देना । 17. समाज के प्रति समर्पित युवाओ कि तलाश करना । 18. वर्तमान शिक्षा पद्धति एवम् आदिवासी समाज पर विश्लेषण। 19. जनप्रतिनिधियो और युवाओ का समाज के प्रति दायित्व पूछना । 20. लोक कला, साहित्य, एवम् संगीत एक्सपोर्ट को तैयार करना । 21. देश के आदिवासी समाजिक संगठनो को सामाजिक संगठनो से समन्वय बिठाकर रखना ।

वर्तमान में यह एक विश्व प्रसिद्ध तथा सबसे मजबूत आदिवासी सामाजिक संगठन हैं।भारत में इसका कार्यक्षेत्र सभी राज्यों में हैं परंतु सर्वाधिक मजबूत यह मध्यप्रदेश में है।।आज जयस आदिवासी समाज का नेतृत्व करने वाला आदिवासी समाज के संवैधानिक अधिकारों व मान-सम्मान के लिए लड़ने वाला सबसे मजबूत व महत्वपूर्ण संगठन बन गया है।अगर जयस नाम नहीं दिया जाता तो शायद जो जयस ने आज इतनी ख्याति व प्रसिद्धि पाई है वो शायद नहीं होती,,,,!
जयस आज हर आदिवासी युवाओं का जोश और जूनून बन गया है।जयस की विचारधारा से सभी आदिवासी युवा प्रेरित है...।जयस अपने समाज में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए,अपने संवैधानिक अधिकारों की पूर्ण प्राप्ति और समाज की समृद्धि के लिए समय समय पर जागरूकता रैलियों,सभाओं तथा चिंतन शिविरों का आयोजन करता रहता है।जयस अपनी संस्कृति,रीति रिवाजों को बचाने के लिए काम कर रहा है।जयस बिखरे हुए आदिवासी समाज को संगठित करने के लिए काम कर रहा है।जयस संविधान के दायरे में अपनों की आवाज सरकार तक पहुंचाने का काम करता है।जयस के युवा रक्तदान कर लोगों को जीवनदान देने का भी काम कर रहे है।जयस आज हर आदिवासी युवा के सर चढ़कर बोल रहा है और एक ऐसी क्रांति का आगाज हो गया है जो 21वीं सदी में एक इतिहास लिखकर जाएंगे..।
जयस का उद्देश्य समाज का सर्वांगीण व चहुँमुखी विकास है।वर्तमान में जयस संगठन का कार्यक्षेत्र भारत देश के अलावा विश्व के लगभग सभी प्रमुख देशों में है।जयस के इन्हीं कामों के दिवाने लोग हमारे देश के साथ ही साथ दक्षिण अफ्रीका,वेस्टइंडीज,ऑस्ट्रेलिया,अमेरिका,न्यूजीलैंड,ब्रिटेन व विश्व के लगभग सभी देशों में रहते हैं।और जयस के द्वारा सामाजिक उत्थान के लिए जो कार्य किये जा रहे हैं उन्हें निहारा जा रहा है।जयस एक ब्रांड हैं जिसका नाम सुनते ही हमारे समाज के लोगों का काम हो जाता है।
https://voiceofjhabua.com/naman18427
जयस एकता बैठक होटल पलास धामनोद

  // जयस शक्ति आई है, नई क्रांति लाई है //
✍️राकेश देवडे़ बिरसावादी जयस बिरसा ब्रिगेड 9617638602 राकेश देवडे़ (वार्ता) 08:10, 26 मार्च 2022 (UTC)

Yes I agree राकेश देवडे़ (वार्ता) 08:19, 26 मार्च 2022 (UTC)


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